गबन - Gaban

अब अपनी आंखों से देखकर चलूंगा। '

इंस्पेक्टर ने दारोग़ा का मुंह देखा, दारोग़ा ने डिप्टी का मुंह देखा, डिप्टी ने इंस्पेक्टर का मुंह देखा। यह कहता क्या है? इंस्पेक्टर साहब विस्मित होकर बोले, 'क्या बात है? हलफ से कहता हूं, आप कुछ नाराज मालूम होते हैं! '

रमानाथ-'मैंने फैसला किया है कि आज अपना बयान बदल दूंगा। बेगुनाहों का ख़ून नहीं कर सकता ।'

इंस्पेक्टर ने दया-भाव से उसकी तरफ देखकर कहा, 'आप बेगुनाहों का ख़ून नहीं कर रहे हैं,


935 of 1203

अब अपनी आंखों से देखकर चलूंगा। '

इंस्पेक्टर ने दारोग़ा का मुंह देखा, दारोग़ा ने डिप्टी का मुंह देखा, डिप्टी ने इंस्पेक्टर का मुंह देखा। यह कहता क्या है? इंस्पेक्टर साहब विस्मित होकर बोले, 'क्या बात है? हलफ से कहता हूं, आप कुछ नाराज मालूम होते हैं! '

रमानाथ-'मैंने फैसला किया है कि आज अपना बयान बदल दूंगा। बेगुनाहों का ख़ून नहीं कर सकता ।'

इंस्पेक्टर ने दया-भाव से उसकी तरफ देखकर कहा, 'आप बेगुनाहों का ख़ून नहीं कर रहे हैं,


935 of 1203