बस देर हो गई। आप मेरे भाग्य से मिल गए, नहीं तो डाकुओं से जान न बचती।
विनय-यह तो बड़े जोखिम की बात है। तुम्हारे पास कोई हथियार है?
डाकिया-मेरे हथियार आप हैं। आपके साथ मुझे कोई खटका नहीं है। आपको देखकर किसी डाकू की मजाल नहीं कि मुझ पर हाथ उठा सके। आपने डकैतों को भी वश में कर लिया है।
सहसा घोड़ों की टॉप की आवाज कान में आई। डाकिए ने घबराकर पीछे देखा। पाँच सवार भाले उठाए, घोड़े बढ़ाए चले आते थे। उसके होश उड़ गए, काटो तो बदन में लहू नहीं। बोला-लीजिए,
बस देर हो गई। आप मेरे भाग्य से मिल गए, नहीं तो डाकुओं से जान न बचती।
विनय-यह तो बड़े जोखिम की बात है। तुम्हारे पास कोई हथियार है?
डाकिया-मेरे हथियार आप हैं। आपके साथ मुझे कोई खटका नहीं है। आपको देखकर किसी डाकू की मजाल नहीं कि मुझ पर हाथ उठा सके। आपने डकैतों को भी वश में कर लिया है।
सहसा घोड़ों की टॉप की आवाज कान में आई। डाकिए ने घबराकर पीछे देखा। पाँच सवार भाले उठाए, घोड़े बढ़ाए चले आते थे। उसके होश उड़ गए, काटो तो बदन में लहू नहीं। बोला-लीजिए,