कृत्य किया होतीलाल ने! इस तरह कार्यालय में बारी राजबंदियों को भयभीत करने के लिए तरह-तरह की बातें करता।
बारी के भाषण की प्रतिध्वनि
ये भद्र राजबंदी अपनी तरह से समाचार फेलाते। उस पत्र में सभी पर किए जानेवाले अत्याचार की कहानी के साथ-साथ इनके (भद्र) छल की कहानी भी प्रकाशित हो गई थी और आगे अवसर मिलने पर इस तरह पत्र भेजने की मूर्खता करने में इन महाशयों ने कभी आगे-पीछे नहीं देखा। परंतु होतीलाल की निंदा करते हुए बारी का मन
कृत्य किया होतीलाल ने! इस तरह कार्यालय में बारी राजबंदियों को भयभीत करने के लिए तरह-तरह की बातें करता।
बारी के भाषण की प्रतिध्वनि
ये भद्र राजबंदी अपनी तरह से समाचार फेलाते। उस पत्र में सभी पर किए जानेवाले अत्याचार की कहानी के साथ-साथ इनके (भद्र) छल की कहानी भी प्रकाशित हो गई थी और आगे अवसर मिलने पर इस तरह पत्र भेजने की मूर्खता करने में इन महाशयों ने कभी आगे-पीछे नहीं देखा। परंतु होतीलाल की निंदा करते हुए बारी का मन