भारत’ के सदस्यों ने उस समाचार कि ‘मैं कोल्हू में जोता गया हूं’ का कल्पना चित्र निकालकर और उसे प्रकाशित कर उस परचे को हजारों की संख्या में बंटवाया। उसका वहां के भारतीय लोगों पर क्या प्रभाव पड़ा, वह लाहौर (पंजाब) षड्यंत्र के लोग जब अंदमान आए, उस समय के वर्णन में मिलेगा।
प्रकरण-14
1911 के राज्यारोहण समारोह की परछाई
जैसाकि पीछे कहा गया है, होतीलाल का पत्र हिंदुस्थान में प्रकाशित होने से अधिकारियों में खलबली मची। उसके
भारत’ के सदस्यों ने उस समाचार कि ‘मैं कोल्हू में जोता गया हूं’ का कल्पना चित्र निकालकर और उसे प्रकाशित कर उस परचे को हजारों की संख्या में बंटवाया। उसका वहां के भारतीय लोगों पर क्या प्रभाव पड़ा, वह लाहौर (पंजाब) षड्यंत्र के लोग जब अंदमान आए, उस समय के वर्णन में मिलेगा।
प्रकरण-14
1911 के राज्यारोहण समारोह की परछाई
जैसाकि पीछे कहा गया है, होतीलाल का पत्र हिंदुस्थान में प्रकाशित होने से अधिकारियों में खलबली मची। उसके