‘‘आप मेरी बोटी-बोटी कर दीजिए। मैं काम नहीं करूंगा। मेरे विचार से आपके लिए काम करना अनैतिक है।’’ बस फिर क्या था? बंदीपाल ने तुरंत मुझे हथकड़ियां डालकर आठ दिन लटकाने का आदेश दिया। इतने में मेरे सामने एक आश्चर्यजनक दृश्य प्रकट हुआ। मुझे आभास हुआ (अब मैं कह रहा हूं कि मुझे आभास हुआ, परंतु तब मुझे प्रतीत हुआ कि यह सत्य घटना है) बंदीपाल बारी ने मुझसे कहा, ‘‘तुमने मेरा अपमान किया है।’’
बारी के साथ द्वंदयुद्व
‘तुम्हारी ओर
‘‘आप मेरी बोटी-बोटी कर दीजिए। मैं काम नहीं करूंगा। मेरे विचार से आपके लिए काम करना अनैतिक है।’’ बस फिर क्या था? बंदीपाल ने तुरंत मुझे हथकड़ियां डालकर आठ दिन लटकाने का आदेश दिया। इतने में मेरे सामने एक आश्चर्यजनक दृश्य प्रकट हुआ। मुझे आभास हुआ (अब मैं कह रहा हूं कि मुझे आभास हुआ, परंतु तब मुझे प्रतीत हुआ कि यह सत्य घटना है) बंदीपाल बारी ने मुझसे कहा, ‘‘तुमने मेरा अपमान किया है।’’
बारी के साथ द्वंदयुद्व
‘तुम्हारी ओर