के बिना कोठरी से रूग्णालय में पल भर के लिए भी ले जाने का साहस नहीं किया। शेष कोई भी दंडित, दस-दस बार जेल काटकर ही नहीं अपितु जेल तोड़कर निकले भगोड़े भी केवल इतना सूचित करके कि ‘वे बीमार हैं’ रूग्णालय में जा सकते थे। आगे की बात तो डाॅक्टरों के हाथ में होती कि उन्हें रखना है या नहीं। उनके काम में सहसा बंदीपाल दखल नहीं देते। केवल राजबंदियों के लिए रूग्णालय के द्वार बंद थे।
वह आधासीसी का रोग तथा टीस सहते-सहते मेरे ज्येष्ठ बंधु कोल्हू पेरते,
के बिना कोठरी से रूग्णालय में पल भर के लिए भी ले जाने का साहस नहीं किया। शेष कोई भी दंडित, दस-दस बार जेल काटकर ही नहीं अपितु जेल तोड़कर निकले भगोड़े भी केवल इतना सूचित करके कि ‘वे बीमार हैं’ रूग्णालय में जा सकते थे। आगे की बात तो डाॅक्टरों के हाथ में होती कि उन्हें रखना है या नहीं। उनके काम में सहसा बंदीपाल दखल नहीं देते। केवल राजबंदियों के लिए रूग्णालय के द्वार बंद थे।
वह आधासीसी का रोग तथा टीस सहते-सहते मेरे ज्येष्ठ बंधु कोल्हू पेरते,