हवलदार, वाॅर्डर सभी की जान में जान आई। उन्होंने उन्हें कोठरी में लाकर कोल्हू पेरने के लिए बंद किया। उनसे प्रार्थना भी की कि अब तो वैद्यक शास्त्रानुसार भोजन समाप्त होने पर कसकर काम करो। यह मत भूलना कि बंदियों का काम अधूरा रहने पर बारी प्रथमतः पेटी अफसर तथा वाॅर्डरों को ही आड़े हाथ लेता है। उसे पुचकारते हुए वे अगले बंदियों को गालियां देते हुए आगे बढ़ गए। थोड़ी तो महाशय एक कंबल बिछाकर उस पर अपनी लंबी-चैड़ी देह यथासुख पसारकर
हवलदार, वाॅर्डर सभी की जान में जान आई। उन्होंने उन्हें कोठरी में लाकर कोल्हू पेरने के लिए बंद किया। उनसे प्रार्थना भी की कि अब तो वैद्यक शास्त्रानुसार भोजन समाप्त होने पर कसकर काम करो। यह मत भूलना कि बंदियों का काम अधूरा रहने पर बारी प्रथमतः पेटी अफसर तथा वाॅर्डरों को ही आड़े हाथ लेता है। उसे पुचकारते हुए वे अगले बंदियों को गालियां देते हुए आगे बढ़ गए। थोड़ी तो महाशय एक कंबल बिछाकर उस पर अपनी लंबी-चैड़ी देह यथासुख पसारकर