वापस मुड़कर अपने हाथ से दो-चार बेंत उसे मारता। इसके लिए कैदी लाइन में नहीं होता या और कुछ बहाना बना देता।
छोटा बारी
अंदमान में बंदी को सप्ताह में एक या दो बार नरोटी भर दही मिलता। उस दिन तो पानी के बड़े-बड़े लोटे भरकर बंदियों को मार-पीटकर और उनसे दही छीनकर ये पठान वाॅर्डर तथा पेटी अफसर उसे पी लेते। एक बार एक हिंदू बंदी ने नरोटी भर वह दही एक बलूची अफसर को न देते हुए नियमानुसार थाली में आते ही उसे भात में मिला लिया। यह
वापस मुड़कर अपने हाथ से दो-चार बेंत उसे मारता। इसके लिए कैदी लाइन में नहीं होता या और कुछ बहाना बना देता।
छोटा बारी
अंदमान में बंदी को सप्ताह में एक या दो बार नरोटी भर दही मिलता। उस दिन तो पानी के बड़े-बड़े लोटे भरकर बंदियों को मार-पीटकर और उनसे दही छीनकर ये पठान वाॅर्डर तथा पेटी अफसर उसे पी लेते। एक बार एक हिंदू बंदी ने नरोटी भर वह दही एक बलूची अफसर को न देते हुए नियमानुसार थाली में आते ही उसे भात में मिला लिया। यह