कुछ जमादारों की, कुछ तंडेलों की, जहां देखो वहां तलाशी, छानबीन, पकड़-धकड़। गोरे अधिकारियों का उग्र हो-हल्ला। सभी के छक्के छूट गए, सभी सकते में आ गए, क्योंकि अधिकारियों को विश्वस्त समाचार मिला था कि राजबंदियों ने बम-गोले बनाकर अंदमान से निकलने का एक महाषड्यंत्र रचा है। परंतु इतनी तलाशियों में से-इतना पहाड़ खोदने से-एक चूहा तक नहीं निकला, एकाध बम-गोला तो क्या, साधारण सा लौंगिया पटाखा भी बरामद नहीं हो सका। यह विश्वस्त समाचार
कुछ जमादारों की, कुछ तंडेलों की, जहां देखो वहां तलाशी, छानबीन, पकड़-धकड़। गोरे अधिकारियों का उग्र हो-हल्ला। सभी के छक्के छूट गए, सभी सकते में आ गए, क्योंकि अधिकारियों को विश्वस्त समाचार मिला था कि राजबंदियों ने बम-गोले बनाकर अंदमान से निकलने का एक महाषड्यंत्र रचा है। परंतु इतनी तलाशियों में से-इतना पहाड़ खोदने से-एक चूहा तक नहीं निकला, एकाध बम-गोला तो क्या, साधारण सा लौंगिया पटाखा भी बरामद नहीं हो सका। यह विश्वस्त समाचार